info@mithilatravels.com 858 883 4222

चार धाम यात्रा 2026: पूरी जानकारी हिंदी में

चार धाम यात्रा उत्तराखंड के गढ़वाल हिमालय में स्थित चार पवित्र धामों – यमुनोत्री, गंगोत्री, केदारनाथ और बद्रीनाथ – की तीर्थ यात्रा है। इसे चारधाम यात्रा भी लिखा जाता है। परंपरा के अनुसार यात्रा पश्चिम से पूर्व की ओर, यानी यमुनोत्री से शुरू होकर बद्रीनाथ पर पूरी होती है। इस पेज पर 2026 की तारीखें, रजिस्ट्रेशन, रूट, खर्च और हमारी हरिद्वार टीम के अनुभव से जरूरी सुझाव दिए गए हैं।

चार धाम यात्रा के चारों मंदिर: गंगोत्री, यमुनोत्री, केदारनाथ और बद्रीनाथ
चार धाम यात्रा के चारों धाम: गंगोत्री, यमुनोत्री, केदारनाथ और बद्रीनाथ।

चार धाम यात्रा के चार धाम कौन से हैं?

धामदेवताजिलाआखिरी सड़क
यमुनोत्रीमाँ यमुनाउत्तरकाशीजानकी चट्टी, फिर लगभग 6 किमी पैदल
गंगोत्रीमाँ गंगाउत्तरकाशीमंदिर तक सड़क
केदारनाथभगवान शिव (ज्योतिर्लिंग)रुद्रप्रयागगौरीकुंड, फिर लगभग 16 किमी पैदल
बद्रीनाथभगवान विष्णु (बद्री नारायण)चमोलीमंदिर तक सड़क

समय कम हो तो केवल केदारनाथ और बद्रीनाथ की दो धाम यात्रा 5–6 दिन में हो जाती है। चारों धाम की असली तस्वीरें देखने के लिए हमारा Char Dham images पेज देखें।

चार धाम यात्रा 2026: कपाट खुलने की तारीख

चार धाम यात्रा 2026 कपाट खुलने की तारीख
चार धाम यात्रा 2026 में कपाट खुलने की तारीख।
  • यमुनोत्री: 19 अप्रैल 2026 (अक्षय तृतीया)
  • गंगोत्री: 19 अप्रैल 2026 (अक्षय तृतीया)
  • केदारनाथ: 22 अप्रैल 2026
  • बद्रीनाथ: 23 अप्रैल 2026

सर्दियों के लिए कपाट दीपावली और भाई दूज के आसपास (अक्टूबर–नवंबर) बंद होते हैं। बंद होने की सही तारीख हर साल मंदिर समिति घोषित करती है, इसलिए देर से चारधाम यात्रा की योजना हो तो बुकिंग से पहले हमसे पुष्टि कर लें।

चार धाम यात्रा रजिस्ट्रेशन कैसे करें?

चार धाम यात्रा के लिए हर यात्री का रजिस्ट्रेशन अनिवार्य और मुफ्त है, बच्चों और बुजुर्गों का भी। रजिस्ट्रेशन के तरीके:

  • उत्तराखंड पर्यटन की आधिकारिक वेबसाइट registrationandtouristcare.uk.gov.in
  • Tourist Care Uttarakhand मोबाइल ऐप
  • WhatsApp: 83948 33833 पर “YATRA” लिखकर भेजें
  • टोल-फ्री नंबर: 0135-1364
  • ऑफलाइन काउंटर: हरिद्वार, ऋषिकेश, बड़कोट, हीना, सोनप्रयाग और पांडुकेश्वर

रजिस्ट्रेशन का QR पास फोन में और प्रिंट करके साथ रखें, रास्ते में जाँच होती है। पूरी प्रक्रिया अंग्रेज़ी में Char Dham Yatra registration पेज पर है। हमारे पैकेज में पूरे ग्रुप का चारधाम यात्रा रजिस्ट्रेशन हमारी टीम करती है।

चार धाम यात्रा का रूट और दूरी

चार धाम यात्रा रूट और दूरी चार्ट हिंदी में
हरिद्वार से हरिद्वार तक चार धाम यात्रा का रूट और दूरी।

हरिद्वार → बड़कोट → जानकी चट्टी (यमुनोत्री) → उत्तरकाशी → गंगोत्री → गुप्तकाशी → सोनप्रयाग/गौरीकुंड (केदारनाथ) → जोशीमठ → बद्रीनाथ → ऋषिकेश → हरिद्वार

हरिद्वार से वापस हरिद्वार तक चार धाम यात्रा का कुल सफर लगभग 1,200–1,300 किमी पहाड़ी सड़कों का है। दिल्ली या नोएडा से हरिद्वार लगभग 200–230 किमी है – देखें Char Dham Yatra from Delhi। नक्शा और हर पड़ाव की दूरी Char Dham route map पर है।

9 दिन का चारधाम यात्रा प्लान (हरिद्वार से)

दिनरूट
1हरिद्वार से बड़कोट (लगभग 180 किमी)
2जानकी चट्टी, पैदल यमुनोत्री दर्शन और वापस बड़कोट
3बड़कोट से उत्तरकाशी, काशी विश्वनाथ मंदिर
4उत्तरकाशी से गंगोत्री दर्शन और वापस उत्तरकाशी
5उत्तरकाशी से गुप्तकाशी (लगभग 200 किमी)
6सोनप्रयाग/गौरीकुंड से पैदल केदारनाथ
7केदारनाथ दर्शन, वापसी गुप्तकाशी
8गुप्तकाशी से पीपलकोटी होते हुए बद्रीनाथ
9बद्रीनाथ दर्शन, ऋषिकेश होते हुए हरिद्वार

चारधाम यात्रा: यमुनोत्री और गंगोत्री

यमुनोत्री मंदिर, चार धाम यात्रा का पहला धाम
यमुनोत्री – चार धाम यात्रा का पहला धाम।

यमुनोत्री तक जानकी चट्टी से लगभग 6 किमी पैदल चलना होता है; घोड़ा, पालकी और पिट्ठू उपलब्ध हैं। गंगोत्री मंदिर तक सड़क जाती है और भागीरथी के किनारे शाम की आरती बहुत सुंदर होती है। विस्तार से पढ़ें: Yamunotri Gangotri yatra।

गंगोत्री मंदिर, चारधाम यात्रा का दूसरा धाम
गंगोत्री – चारधाम यात्रा का दूसरा धाम।

चारधाम यात्रा: केदारनाथ और बद्रीनाथ

बर्फीले पहाड़ों के बीच केदारनाथ मंदिर, चार धाम यात्रा
केदारनाथ – चार धाम यात्रा में सबसे ऊँचा धाम।

केदारनाथ के लिए गौरीकुंड से लगभग 16 किमी पैदल यात्रा है। हेलीकॉप्टर टिकट केवल IRCTC HeliYatra की आधिकारिक वेबसाइट से बुक होते हैं – फर्जी वेबसाइट और एजेंटों से सावधान रहें। बद्रीनाथ तक सड़क जाती है; तप्त कुंड, माणा गाँव और व्यास गुफा ज़रूर देखें। पढ़ें: Kedarnath Yatra guide और Badrinath Yatra guide।

बद्रीनाथ मंदिर में श्रद्धालु, चारधाम यात्रा का अंतिम धाम
बद्रीनाथ – चारधाम यात्रा का अंतिम धाम।

चार धाम यात्रा का खर्च (चारधाम यात्रा बजट)

  • हरिद्वार से 9 दिन का ग्रुप पैकेज (होटल और खाना सहित): ₹17,000 प्रति व्यक्ति से शुरू – देखें चार धाम यात्रा पैकेज।
  • परिवार के लिए प्राइवेट टैक्सी: स्विफ्ट डिज़ायर ₹12/किमी, अर्टिगा ₹15/किमी, इनोवा क्रिस्टा ₹20/किमी (कम से कम 250 किमी प्रतिदिन और ड्राइवर भत्ता) – देखें Char Dham taxi।
  • 10 या ज्यादा लोगों के लिए टेम्पो ट्रैवलर प्रति व्यक्ति सबसे सस्ता पड़ता है।

चार धाम यात्रा का पूरा हिसाब: Char Dham Yatra cost।

चारधाम यात्रा का सबसे अच्छा समय

  • मई–जून: मौसम अच्छा, पर भीड़ सबसे ज्यादा। होटल और गाड़ी पहले से बुक करें।
  • जुलाई–अगस्त: मानसून, भूस्खलन और रास्ते बंद होने की संभावना। अतिरिक्त दिन रखें।
  • मध्य सितंबर–अक्टूबर: साफ मौसम, कम भीड़, रातें ठंडी।

चार धाम यात्रा के लिए महीने के हिसाब से जानकारी: best time for Char Dham Yatra।

चार धाम यात्रा के जरूरी सुझाव

  • यात्रा से पहले डॉक्टर से जाँच करवाएँ, खासकर 50 साल से ऊपर या बीपी, हृदय या साँस की समस्या होने पर।
  • चारधाम यात्रा में गर्म कपड़े, रेनकोट, अच्छे जूते, जरूरी दवाइयाँ, आईडी और कुछ नकद पैसे साथ रखें।
  • चारधाम यात्रा में पहाड़ों पर रात को सफर न करें। हमारे ड्राइवर सूर्यास्त से पहले रुक जाते हैं।
  • मंदिर की समय-सारिणी और पूजा बुकिंग के लिए श्री बदरीनाथ केदारनाथ मंदिर समिति की वेबसाइट देखें।

Mithila Travels नोएडा और हरिद्वार से चार धाम यात्रा करवाता है – अपनी गाड़ियाँ, पहाड़ों के अनुभवी ड्राइवर और हरिद्वार में अपना ऑफिस। चारधाम यात्रा की योजना के लिए 85888 34222 पर कॉल करें या अंग्रेज़ी में पूरी Char Dham Yatra guide पढ़ें।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (Frequently asked questions)

चार धाम यात्रा 2026 कब शुरू हुई?

यमुनोत्री और गंगोत्री के कपाट 19 अप्रैल 2026, केदारनाथ के 22 अप्रैल और बद्रीनाथ के 23 अप्रैल 2026 को खुले।

चार धाम यात्रा में कितने दिन लगते हैं?

हरिद्वार से 9 से 10 दिन आराम से लगते हैं। दिल्ली या नोएडा से 11 से 12 दिन का प्लान रखें।

क्या चारधाम यात्रा के लिए रजिस्ट्रेशन जरूरी है?

हाँ, हर यात्री का रजिस्ट्रेशन अनिवार्य और मुफ्त है। यह वेबसाइट, ऐप, WhatsApp या ऑफलाइन काउंटर पर होता है।

चार धाम यात्रा का खर्च कितना है?

हमारा 9 दिन का ग्रुप पैकेज ₹17,000 प्रति व्यक्ति से शुरू होता है। प्राइवेट टैक्सी का किराया किलोमीटर के हिसाब से लगता है।

चारधाम यात्रा का सही क्रम क्या है?

पहले यमुनोत्री, फिर गंगोत्री, फिर केदारनाथ और अंत में बद्रीनाथ।

चार धाम यात्रा बुक करें

Tell us where and when you want to travel — our team replies within minutes on WhatsApp or phone.

Enquiry for Domestic Travel Packages and Cab Services.